"मनुष्यता ही सबसे बड़ा धर्म है।" — पु. ल. देशपांडे 💬 अर्थ मनुष्य का दूसरे मनुष्य के साथ मानवीय व्यवहार करना ही सच्चा धर्म है। 📎 स्रोत: पु.लं.चे साहित्य