परिपाठ — महाराष्ट्रातील शाळांसाठी दैनंदिन शालेय परिपाठ
दररोजचा सुविचार, दिनविशेष, पंचांग, बातम्या, प्रार्थना, बोधकथा आणि शैक्षणिक साहित्य — सर्व एकाच ठिकाणी
आजचे विशेष
मंगळवार, 23 जून 2026सुविचार
→❝ आज़ादी का मतलब मनमानी करना नहीं है। ❞
स्वतंत्रता का अर्थ स्वेच्छाचारिता नहीं है।
पंचांग
→संस्कृत सुभाषित
सर्व पहा →म्हणोनि कर्माचेनि आधारें । जे कर्मचि सांडणें खरें । तें युक्तीचें वर्म दुसरें । नाहिं येथ ॥ १०६ ॥
📖 विस्तार →म्हणून कर्माचा आधार घेऊनच कर्माचा त्याग करणे, हीच खरी युक्ती आहे. याशिवाय दुसरे कोणतेही रहस्य येथे नाही.
आणि कूर्माचीं अंगें जैसीं । निवांतें होती आपैसीं । तैसीं इंद्रियें जयाचीं त्यांसीं । वश होती ॥
📖 विस्तार →ज्याप्रमाणे कासव आपली सर्व अंगे स्वतःहून सहजपणे आत ओढून घेते, त्याप्रमाणे ज्याची इंद्रिये त्याच्या ताब्यात असतात, तोच खरा स्थितप्रज्ञ होय.
दिन विशेष 30
सर्व पहा →
कनिष्क विमान अपघात (एअर इंडिया १८२)
1985
संजय गांधी यांचे निधन
1980
डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी स्मृतिदिन
1953
आंतरराष्ट्रीय ऑलिंपिक दिन
1894
नानासाहेब पेशवे यांचे निधन
1761
प्लासीची लढाई
1757ब्रेक्झिट जनमत चाचणी
2016भारताने आयसीसी चॅम्पियन्स ट्रॉफी जिंकली
2013प्लूटोच्या नवीन उपग्रहांची घोषणा
2005संयुक्त राष्ट्र सार्वजनिक सेवा दिन
2003आंतरराष्ट्रीय विधवा दिन
1994मोल्डोव्हाने सार्वभौमत्व घोषित केले
1990व्ही. व्ही. गिरी यांचे निधन
1980ऋतूपर्णो घोष जन्मदिन
1974झिनेदिन झिदान जन्मदिन
1972आचार्य बाळकृष्ण जन्मदिन
1969भाई वीर सिंग स्मृतिदिन
1967भूकमुक्ती मोहिमेची सुरुवात
1960के. संथानम जन्मदिन
1954राज बब्बर यांचा जन्मदिन
1952सर शोभा सिंग स्मृतिदिन
1944गिजुभाई बधेका स्मृतिदिन
1939प्रदीप कुमार जन्मदिन
1936चंद्रकांत गोखले यांचा जन्म
1934रतन खत्री यांचा जन्मदिन
1931लक्ष्मणराव सरदेसाई यांचा जन्म
1928अॅलन ट्युरिंग जन्मदिन
1912राजेंद्रनाथ लाहिरी जन्मदिन
1901पहिल्या टायपिंग मशीनचे पेटंट
1810जेम्स मिल जन्मदिन
1773इंग्रजी शिक्षण
शिका →विषय: शाळेतील संवाद आणि वाक्यांचे प्रकार
वाक्यांचे प्रकार: विधानार्थी आणि प्रश्नार्थी
- classroom — कक्षा
- principal — प्राचार्य
- library — पुस्तकालय
प्रश्नमंजुषा
खेळा →विशेष लेख (ब्लॉग)
सर्व पहा →
आंतरराष्ट्रीय सांकेतिक भाषा दिन: संवादाचे पूल कसे जोडायचे? | परिपाठ
२३ सप्टेंबर हा आंतरराष्ट्रीय सांकेतिक भाषा दिन म्हणून साजरा केला जातो. हा दिवस सांकेतिक भाषेचे महत्त...
⏱️ 8 min read
पी. टी. उषा: भारतीय एथलेटिक्स की 'गोल्डन गर्ल' की पूरी जीवनी
पय्योली एक्सप्रेस पी. टी. उषा के जीवन की प्रेरक कहानी। उनके बचपन के संघर्षों से लेकर 1984 के ओलंपिक ...
⏱️ 15 min read
गणपति उत्सव और बच्चों की मस्ती: संस्कार और आनंद का अद्भुत मेल
गणपति उत्सव बच्चों के जीवन में न केवल खुशियाँ लाता है, बल्कि उन्हें टीम वर्क, अनुशासन और पर्यावरण सं...
⏱️ 15 min read
हम्पी के 'डिजिटल ट्विन्स': ३डी लेजर स्कैनिंग और वीआर के माध्यम से विजयनगर साम्राज्य की खोज
जानिए कैसे ३डी लेजर स्कैनिंग और वीआर तकनीक विजयनगर साम्राज्य की राजधानी हम्पी को डिजिटल रूप में पुनर...
⏱️ 20 min readशैक्षणिक खेळ
खेळा →साहित्य डाऊनलोड
मिळवा →सभा आवश्यकताएँ
सर्व पहा →Jana Gana Mana
National Anthemजन-गण-मन अधिनायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। पंजाब-सिन्धु-गुजरात-मराठा, द्राविड़-उत्कल-बङ्ग। विन्ध्य-हिमाचल-यमुना-गङ्गा, उच्छल-जलधि-तरङ्ग। तव शुभ नामे जागे, तव शुभ आशिष मागे, गाहे तव जय-गाथा। जन-गण-मङ्गल-दायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। जय हे, जय हे, जय हे, जय जय जय जय हे॥
National Pledge (Pratidnya / Pratigya)
National Pledgeभारत मेरा देश है। सब भारतवासी मेरे भाई-बहन हैं। मैं अपने देश से प्रेम करता हूँ और इसकी समृद्ध तथा विविध संस्कृति पर मुझे गर्व है। मैं सदा इसका सुयोग्य अधिकारी बनने का प्रयत्न करता रहूँगा। मैं अपने माता-पिता, शिक्षकों एवं गुरुजनों का सम्मान करूँगा और हर किसी के साथ विनीत रहूँगा। मैं अपने देश और देशवासियों के प्रति सत्यनिष्ठा की प्रतिज्ञा करता हूँ। उनके कल्याण और समृद्धि में ही मेरा सुख निहित है।
Preamble to the Constitution of India (Sanvidhan)
National Constitution Preambleहम, भारत के लोग, भारत को एक संपूर्ण प्रभुत्व-संपन्न, समाजवादी, पंथनिरपेक्ष, लोकतंत्रात्मक गणराज्य बनाने के लिए, तथा उसके समस्त नागरिकों को: सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय, विचार, अभिव्यक्ति, विश्वास, धर्म और उपासना की स्वतंत्रता, प्रतिष्ठा और अवसर की समता, प्राप्त कराने के लिए, तथा उन सब में व्यक्ति की गरिमा और राष्ट्र की एकता और अखंडता सुनिश्चित करने वाली बंधुता बढ़ाने के लिए दृढ़संकल्प होकर अपनी इस संविधान सभा में आज तारीख 26 नवम्बर 1949 ई॰ को एतद्द्वारा इस संविधान को अंगीकृत, अधिनियमित और आत्मार्पित करते हैं।
Vande Mataram
National Songवन्दे मातरम्। सुजलां सुफलां मलयजशीतलाम्, शस्यश्यामलां मातरम्। शुभ्रज्योत्स्नापुलकितयामिनीं, फुल्लकुसुमितद्रुमदलशोभिनीं, सुहासिनीं सुमधुर भाषिणीं, सुखदां वरदां मातरम्॥