परिपाठ — महाराष्ट्रातील शाळांसाठी दैनंदिन शालेय परिपाठ
दररोजचा सुविचार, दिनविशेष, पंचांग, बातम्या, प्रार्थना, बोधकथा आणि शैक्षणिक साहित्य — सर्व एकाच ठिकाणी
आजचे विशेष
शनिवार, 26 सप्टेंबर 2026सुविचार
→❝ रिश्ते ही असली दौलत हैं। ❞
लोगों को जोड़ना ही असली संपत्ति है।
पंचांग
→आज का व्यक्तित्व
सर्व पहा →
लक्ष्मणराव किर्लोस्कर
भारतीय उद्योगपति और किर्लोस्कर समूह के संस्थापक।
सविस्तर माहिती वाचा →संस्कृत सुभाषित
सर्व पहा →म्हणोनि इंद्रियें दमिजेत । आणि विषयांतें सांडिजेत । तरीच हे स्थिरावत । ऐसें नको ॥ २६१ ॥
📖 विस्तार →केवळ इंद्रियांना जबरदस्तीने दाबून धरल्याने किंवा विषयांचा त्याग केल्याने बुद्धी स्थिर होते, असे कधीही समजू नकोस.
म्हणोनि इंद्रियें दमिजेत । आणि युक्तीनें विषय सांडिजेत । तरीच हे स्थिरावत । प्रज्ञा पैं ॥ ६१ ॥
📖 विस्तार →म्हणून इंद्रियांवर ताबा मिळवावा आणि युक्तीने विषयांचा त्याग करावा, तरच बुद्धी स्थिर होते.
दिन विशेष 26
सर्व पहा →
विजू खोटे यांची पुण्यतिथी
2019
राजा रामण्णा यांची पुण्यतिथी
2004
CSIR ची स्थापना
1942
डॉ. मनमोहन सिंग यांची जयंती
1932
देव आनंद यांची जयंती
1923
ईश्वरचंद्र विद्यासागर यांची जयंती
1820व्यभिचाराचा कायदा रद्द
2018वांगारी मथाई यांची पुण्यतिथी
2011हेमंत कुमार यांची पुण्यतिथी
1989सेरेना विल्यम्स यांचा जन्म
1981उदय शंकर यांची पुण्यतिथी
1977मनिंदर सिंग यांचा जन्म
1961पहिली टेलिव्हिजन अध्यक्षीय चर्चा
1960कुमार सानू यांचा जन्म
1957नितीन गडकरी? नाही - (Note: Error check, Gadkari is May 27)
1950अरुणा रॉय यांची जयंती
1950न्यायमूर्ती आदर्श सेन आनंद यांची जयंती
1943डॉ. माधव गाडगीळ यांचा जन्म
1942असित सेन यांचा जन्म
1933लक्ष्मणराव सरदेसाई यांची जयंती
1928कोमागटा मारू बोटीचे भारतात आगमन
1914E=mc² सिद्धांताचे प्रकाशन
1905टी.एस. इलियट यांची जयंती
1888अण्वस्त्रांच्या संपूर्ण निर्मूलनासाठी आंतरराष्ट्रीय दिवस
जागतिक पर्यावरण आरोग्य दिन
जागतिक गर्भनिरोधक दिन
इंग्रजी शिक्षण
शिका →विषय: अपूर्ण वर्तमानकाळ आणि बागेतील संवाद
अपूर्ण वर्तमानकाळ
- swing — झूला
- slide — फिसलन पट्टी
- bench — बेंच
प्रश्नमंजुषा
खेळा →विशेष लेख (ब्लॉग)
सर्व पहा →
दिवस-रात्रीची समानता: शरद संपात आणि त्याचे विज्ञान
वर्षातून दोनदा येणारा संपात (Equinox) म्हणजे काय? शरद संपात कधी असतो आणि यामुळे दिवस व रात्र कशी समा...
⏱️ 11 min read
हम्पी के 'डिजिटल ट्विन्स': ३डी लेजर स्कैनिंग और वीआर के माध्यम से विजयनगर साम्राज्य की खोज
जानिए कैसे ३डी लेजर स्कैनिंग और वीआर तकनीक विजयनगर साम्राज्य की राजधानी हम्पी को डिजिटल रूप में पुनर...
⏱️ 20 min read
ग्रैंड एनीकट (कल्लनई): चोल राजवंश के 2,000 साल पुराने इंजीनियरिंग रहस्यों का खुलासा
ग्रैंड एनीकट (कल्लनई) के 2,000 साल पुराने इंजीनियरिंग रहस्यों को जानें, जो चोल राजवंश द्वारा निर्मित...
⏱️ 12 min read
1000 साल पुराना सुडोकू: चौसठ योगिनी मंदिर के गणितीय चमत्कार और आधुनिक उपग्रह कक्षा
मुरैना के 11वीं शताब्दी के चौसठ योगिनी मंदिर, इसकी 64-ग्रिड सुडोकू जैसी ज्यामिति, और इसके वृत्ताकार ...
⏱️ 15 min readशैक्षणिक खेळ
खेळा →साहित्य डाऊनलोड
मिळवा →सभा आवश्यकताएँ
सर्व पहा →Jana Gana Mana
National Anthemजन-गण-मन अधिनायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। पंजाब-सिन्धु-गुजरात-मराठा, द्राविड़-उत्कल-बङ्ग। विन्ध्य-हिमाचल-यमुना-गङ्गा, उच्छल-जलधि-तरङ्ग। तव शुभ नामे जागे, तव शुभ आशिष मागे, गाहे तव जय-गाथा। जन-गण-मङ्गल-दायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। जय हे, जय हे, जय हे, जय जय जय जय हे॥
National Pledge (Pratidnya / Pratigya)
National Pledgeभारत मेरा देश है। सब भारतवासी मेरे भाई-बहन हैं। मैं अपने देश से प्रेम करता हूँ और इसकी समृद्ध तथा विविध संस्कृति पर मुझे गर्व है। मैं सदा इसका सुयोग्य अधिकारी बनने का प्रयत्न करता रहूँगा। मैं अपने माता-पिता, शिक्षकों एवं गुरुजनों का सम्मान करूँगा और हर किसी के साथ विनीत रहूँगा। मैं अपने देश और देशवासियों के प्रति सत्यनिष्ठा की प्रतिज्ञा करता हूँ। उनके कल्याण और समृद्धि में ही मेरा सुख निहित है।
Preamble to the Constitution of India (Sanvidhan)
National Constitution Preambleहम, भारत के लोग, भारत को एक संपूर्ण प्रभुत्व-संपन्न, समाजवादी, पंथनिरपेक्ष, लोकतंत्रात्मक गणराज्य बनाने के लिए, तथा उसके समस्त नागरिकों को: सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय, विचार, अभिव्यक्ति, विश्वास, धर्म और उपासना की स्वतंत्रता, प्रतिष्ठा और अवसर की समता, प्राप्त कराने के लिए, तथा उन सब में व्यक्ति की गरिमा और राष्ट्र की एकता और अखंडता सुनिश्चित करने वाली बंधुता बढ़ाने के लिए दृढ़संकल्प होकर अपनी इस संविधान सभा में आज तारीख 26 नवम्बर 1949 ई॰ को एतद्द्वारा इस संविधान को अंगीकृत, अधिनियमित और आत्मार्पित करते हैं।
Vande Mataram
National Songवन्दे मातरम्। सुजलां सुफलां मलयजशीतलाम्, शस्यश्यामलां मातरम्। शुभ्रज्योत्स्नापुलकितयामिनीं, फुल्लकुसुमितद्रुमदलशोभिनीं, सुहासिनीं सुमधुर भाषिणीं, सुखदां वरदां मातरम्॥