परिपाठ — महाराष्ट्रातील शाळांसाठी दैनंदिन शालेय परिपाठ
दररोजचा सुविचार, दिनविशेष, पंचांग, बातम्या, प्रार्थना, बोधकथा आणि शैक्षणिक साहित्य — सर्व एकाच ठिकाणी
आजचे विशेष
शुक्रवार, 31 जुलै 2026सुविचार
→❝ सत्य का साथ दें। ❞
सदा सत्य का मार्ग अपनाएं और झूठ कभी न बोलें।
पंचांग
→संस्कृत सुभाषित
सर्व पहा →जेथ आत्मानुभवु थिरावला । तोचि योगु पूर्ण जाहला । मग कर्माचा ठावो पुसला । आपोआप ॥
📖 विस्तार →जेव्हा माणसाला स्वतःच्या आत्मस्वरूपाचा अनुभव स्थिर होतो, तेव्हाच त्याचा योग पूर्ण झाला असे समजावे. अशा स्थितीत कर्माचे बंधन आपोआप संपून जाते.
म्हणोनि अर्जुना ऐकें । हें संन्यासुचि पैं निकें । जेथ कर्मफळाचें ठाणें न टिके । कवणें काळीं ॥ १६५ ॥
📖 विस्तार →म्हणून अर्जुना ऐक, हा संन्यासच खरोखर उत्तम आहे, जिथे कर्माच्या फळाचे बंधन कधीही राहत नाही.
दिन विशेष 26
सर्व पहा →
भारतातील पहिला मोबाईल कॉल
1995
मोहम्मद रफी स्मृती दिन
1980
शहीद उधम सिंह स्मृती दिन
1940
मुंशी प्रेमचंद जयंती
1880भारतातील सर्वात मोठा पॉवर ग्रीड बिघाड
2012जागतिक रेंजर दिन
2007के. संथानम स्मृती दिन
1992मनोहर हर्डीकर स्मृती दिन
1991स्टार्ट १ करार (START I Treaty)
1991कियारा अडवाणी जन्मदिन
1987हॅरी पॉटर (काल्पनिक पात्र) जन्मदिन
1980चंद्रावर पहिल्यांदाच ल्युनार रोव्हरचा वापर
1971जे. के. रोलिंग जन्मदिन
1965रेंजर ७ चे चंद्रावर लँडिंग
1964वेस्ली स्निप्स जन्मदिन
1962K2 शिखरावर पहिले यशस्वी चढाई
1954मुमताज जन्मदिन
1947होलोकॉस्ट (नरसंहार) योजनेचा आदेश
1941मदन पुरी जन्मदिन
1924पीटर बेनेन्सन जन्मदिन
1921दामू झवेरी जन्मदिन
1918मिल्टन फ्रीडमन जन्मदिन
1912पी. डी. देवानंदन जन्मदिन
1865डॅनियल डॅफो यांना शिक्षा
1703सेंट इग्नेशियस लोयोला स्मृती दिन
1556ख्रिस्तोफर कोलंबसचा त्रिनिदादचा शोध
1498इंग्रजी शिक्षण
शिका →विषय: क्षमता आणि दिशा (Modals and Directions)
Modals: Can आणि Could चा वापर
- straight — सीधा
- corner — कोना
- near — पास
प्रश्नमंजुषा
खेळा →विशेष लेख (ब्लॉग)
सर्व पहा →भारतीय राष्ट्रध्वजाचे शिल्पकार: पिंगली व्यंकय्या यांची गौरवगाथा
भारताचा राष्ट्रध्वज, तिरंगा, केवळ एक कापडाचा तुकडा नाही, तर तो आपल्या देशाची ओळख, स्वातंत्र्य आणि एक...
⏱️ 10 min readलोकमान्य टिळक: स्वराज्याच्या मंत्राचे शिल्पकार आणि आधुनिक भारताचे प्रणेते
लोकमान्य बाळ गंगाधर टिळक हे केवळ 'स्वराज्य माझा जन्मसिद्ध हक्क आहे' या घोषणेपुरते मर्यादित नव्हते. १...
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हम्पी के 'डिजिटल ट्विन्स': ३डी लेजर स्कैनिंग और वीआर के माध्यम से विजयनगर साम्राज्य की खोज
जानिए कैसे ३डी लेजर स्कैनिंग और वीआर तकनीक विजयनगर साम्राज्य की राजधानी हम्पी को डिजिटल रूप में पुनर...
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ग्रैंड एनीकट (कल्लनई): चोल राजवंश के 2,000 साल पुराने इंजीनियरिंग रहस्यों का खुलासा
ग्रैंड एनीकट (कल्लनई) के 2,000 साल पुराने इंजीनियरिंग रहस्यों को जानें, जो चोल राजवंश द्वारा निर्मित...
⏱️ 12 min readशैक्षणिक खेळ
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सर्व पहा →Jana Gana Mana
National Anthemजन-गण-मन अधिनायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। पंजाब-सिन्धु-गुजरात-मराठा, द्राविड़-उत्कल-बङ्ग। विन्ध्य-हिमाचल-यमुना-गङ्गा, उच्छल-जलधि-तरङ्ग। तव शुभ नामे जागे, तव शुभ आशिष मागे, गाहे तव जय-गाथा। जन-गण-मङ्गल-दायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। जय हे, जय हे, जय हे, जय जय जय जय हे॥
National Pledge (Pratidnya / Pratigya)
National Pledgeभारत मेरा देश है। सब भारतवासी मेरे भाई-बहन हैं। मैं अपने देश से प्रेम करता हूँ और इसकी समृद्ध तथा विविध संस्कृति पर मुझे गर्व है। मैं सदा इसका सुयोग्य अधिकारी बनने का प्रयत्न करता रहूँगा। मैं अपने माता-पिता, शिक्षकों एवं गुरुजनों का सम्मान करूँगा और हर किसी के साथ विनीत रहूँगा। मैं अपने देश और देशवासियों के प्रति सत्यनिष्ठा की प्रतिज्ञा करता हूँ। उनके कल्याण और समृद्धि में ही मेरा सुख निहित है।
Preamble to the Constitution of India (Sanvidhan)
National Constitution Preambleहम, भारत के लोग, भारत को एक संपूर्ण प्रभुत्व-संपन्न, समाजवादी, पंथनिरपेक्ष, लोकतंत्रात्मक गणराज्य बनाने के लिए, तथा उसके समस्त नागरिकों को: सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय, विचार, अभिव्यक्ति, विश्वास, धर्म और उपासना की स्वतंत्रता, प्रतिष्ठा और अवसर की समता, प्राप्त कराने के लिए, तथा उन सब में व्यक्ति की गरिमा और राष्ट्र की एकता और अखंडता सुनिश्चित करने वाली बंधुता बढ़ाने के लिए दृढ़संकल्प होकर अपनी इस संविधान सभा में आज तारीख 26 नवम्बर 1949 ई॰ को एतद्द्वारा इस संविधान को अंगीकृत, अधिनियमित और आत्मार्पित करते हैं।
Vande Mataram
National Songवन्दे मातरम्। सुजलां सुफलां मलयजशीतलाम्, शस्यश्यामलां मातरम्। शुभ्रज्योत्स्नापुलकितयामिनीं, फुल्लकुसुमितद्रुमदलशोभिनीं, सुहासिनीं सुमधुर भाषिणीं, सुखदां वरदां मातरम्॥