परिपाठ — महाराष्ट्रातील शाळांसाठी दैनंदिन शालेय परिपाठ
दररोजचा सुविचार, दिनविशेष, पंचांग, बातम्या, प्रार्थना, बोधकथा आणि शैक्षणिक साहित्य — सर्व एकाच ठिकाणी
आजचे विशेष
सोमवार, 29 जून 2026सुविचार
→❝ स्वराज मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है। ❞
स्वराज मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है और मैं इसे लेकर रहूँगा।
पंचांग
→संस्कृत सुभाषित
सर्व पहा →म्हणोनि समर्थें विशेषें । आचरावें लागे तैसें । जेणें मार्गे लोकें । चालावें गा ॥ २४ ॥
📖 विस्तार →म्हणून सामर्थ्यवान किंवा श्रेष्ठ माणसाने असे वागावे, ज्या मार्गावरून सामान्य लोकांनी चालावे.
म्हणोनि विहित जे कर्म । तेंचि आचरिजे सधर्म । जेणें पाविजे परम । पुरुषार्थु तो ॥ ६४ ॥
📖 विस्तार →म्हणून जे शास्त्रविहित कर्म आहे, तेच आपला स्वधर्म समजून करावे; कारण त्या कर्माच्या आचरणानेच श्रेष्ठ असा मोक्ष प्राप्त होतो.
दिन विशेष 30
सर्व पहा →
उद्धव ठाकरे यांचा मुख्यमंत्रीपदाचा राजीनामा
2022
पहिल्या आयफोनचे (iPhone) विक्रीसाठी पदार्पण
2007
आर्जेंटिनाने जिंकला दुसरा फिफा विश्वचषक
1986
ब्राझीलने जिंकला पहिला फिफा फुटबॉल विश्वचषक
1958
नोबेल फाउंडेशनची स्थापना
1900
राष्ट्रीय सांख्यिकी दिन (पी. सी. महालनोबीस जयंती)
1893
सर आशुतोष मुखर्जी जयंती
1864फातिमा झकेरिया यांचे निधन
2021आंतरराष्ट्रीय उष्णकटिबंधीय दिन
2014शं. ना. नवरे (शन्ना) स्मृतिदिन
2011कॅथरीन हेपबर्न स्मृतिदिन
2003कारगिल युद्ध: टायगर हिलवरील महत्त्वाची चढाई
1999लंडनमध्ये 'शेक्सपिअर्स ग्लोब' थिएटरचे उद्घाटन
1997रामेश्वरी नेहरू यांचे निधन
1980सेशेल्सचा स्वातंत्र्य दिन
1976इझाबेल पेरॉन बनल्या जगातील पहिल्या महिला राष्ट्रपती
1974सोयुझ ११ अंतराळ मोहीम दुर्घटना
1971कमल नाथ यांचा जन्म
1951चंद्रिका कुमारतुंगा यांचा जन्म
1945पहिली व्यावसायिक ट्रान्सअटलांटिक प्रवासी विमान सेवा
1939कमलाकर नाडकर्णी यांचा जन्म
1934सदा कऱ्हाडे यांचा जन्म
1932विमलाबाई देशमुख जयंती
1921दुसऱ्या बाल्कन युद्धाची सुरुवात
1913सरदारी लाल पराशर यांचा जन्म
1904अँटोइन डी सेंट-एक्सुपेरी यांचा जन्म
1900थॉमस हेन्री हक्सले यांचे निधन
1895जॉर्ज एलरी हेल यांचा जन्म
1868एलिझाबेथ बॅरेट ब्राउनिंग स्मृतिदिन
1861मूळ 'ग्लोब थिएटर' आगीत भस्मसात
1613इंग्रजी शिक्षण
शिका →विषय: शाळेतील वस्तू आणि जागा
जागेचे शब्दयोगी अव्यय (In, On, Under)
- eraser — रबर
- blackboard — श्यामपट्ट
- desk — मेज
प्रश्नमंजुषा
खेळा →विशेष लेख (ब्लॉग)
सर्व पहा →
आंतरराष्ट्रीय सांकेतिक भाषा दिन: संवादाचे पूल कसे जोडायचे? | परिपाठ
२३ सप्टेंबर हा आंतरराष्ट्रीय सांकेतिक भाषा दिन म्हणून साजरा केला जातो. हा दिवस सांकेतिक भाषेचे महत्त...
⏱️ 8 min read
पी. टी. उषा: भारतीय एथलेटिक्स की 'गोल्डन गर्ल' की पूरी जीवनी
पय्योली एक्सप्रेस पी. टी. उषा के जीवन की प्रेरक कहानी। उनके बचपन के संघर्षों से लेकर 1984 के ओलंपिक ...
⏱️ 15 min read
गणपति उत्सव और बच्चों की मस्ती: संस्कार और आनंद का अद्भुत मेल
गणपति उत्सव बच्चों के जीवन में न केवल खुशियाँ लाता है, बल्कि उन्हें टीम वर्क, अनुशासन और पर्यावरण सं...
⏱️ 15 min read
हम्पी के 'डिजिटल ट्विन्स': ३डी लेजर स्कैनिंग और वीआर के माध्यम से विजयनगर साम्राज्य की खोज
जानिए कैसे ३डी लेजर स्कैनिंग और वीआर तकनीक विजयनगर साम्राज्य की राजधानी हम्पी को डिजिटल रूप में पुनर...
⏱️ 20 min readशैक्षणिक खेळ
खेळा →साहित्य डाऊनलोड
मिळवा →सभा आवश्यकताएँ
सर्व पहा →Jana Gana Mana
National Anthemजन-गण-मन अधिनायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। पंजाब-सिन्धु-गुजरात-मराठा, द्राविड़-उत्कल-बङ्ग। विन्ध्य-हिमाचल-यमुना-गङ्गा, उच्छल-जलधि-तरङ्ग। तव शुभ नामे जागे, तव शुभ आशिष मागे, गाहे तव जय-गाथा। जन-गण-मङ्गल-दायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। जय हे, जय हे, जय हे, जय जय जय जय हे॥
National Pledge (Pratidnya / Pratigya)
National Pledgeभारत मेरा देश है। सब भारतवासी मेरे भाई-बहन हैं। मैं अपने देश से प्रेम करता हूँ और इसकी समृद्ध तथा विविध संस्कृति पर मुझे गर्व है। मैं सदा इसका सुयोग्य अधिकारी बनने का प्रयत्न करता रहूँगा। मैं अपने माता-पिता, शिक्षकों एवं गुरुजनों का सम्मान करूँगा और हर किसी के साथ विनीत रहूँगा। मैं अपने देश और देशवासियों के प्रति सत्यनिष्ठा की प्रतिज्ञा करता हूँ। उनके कल्याण और समृद्धि में ही मेरा सुख निहित है।
Preamble to the Constitution of India (Sanvidhan)
National Constitution Preambleहम, भारत के लोग, भारत को एक संपूर्ण प्रभुत्व-संपन्न, समाजवादी, पंथनिरपेक्ष, लोकतंत्रात्मक गणराज्य बनाने के लिए, तथा उसके समस्त नागरिकों को: सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय, विचार, अभिव्यक्ति, विश्वास, धर्म और उपासना की स्वतंत्रता, प्रतिष्ठा और अवसर की समता, प्राप्त कराने के लिए, तथा उन सब में व्यक्ति की गरिमा और राष्ट्र की एकता और अखंडता सुनिश्चित करने वाली बंधुता बढ़ाने के लिए दृढ़संकल्प होकर अपनी इस संविधान सभा में आज तारीख 26 नवम्बर 1949 ई॰ को एतद्द्वारा इस संविधान को अंगीकृत, अधिनियमित और आत्मार्पित करते हैं।
Vande Mataram
National Songवन्दे मातरम्। सुजलां सुफलां मलयजशीतलाम्, शस्यश्यामलां मातरम्। शुभ्रज्योत्स्नापुलकितयामिनीं, फुल्लकुसुमितद्रुमदलशोभिनीं, सुहासिनीं सुमधुर भाषिणीं, सुखदां वरदां मातरम्॥