परिपाठ — महाराष्ट्रातील शाळांसाठी दैनंदिन शालेय परिपाठ
दररोजचा सुविचार, दिनविशेष, पंचांग, बातम्या, प्रार्थना, बोधकथा आणि शैक्षणिक साहित्य — सर्व एकाच ठिकाणी
आजचे विशेष
रविवार, 21 जून 2026सुविचार
→❝ जो उचित होगा वह बोलूंगा और जो साध्य होगा वह करूंगा। ❞
जो सही है वह कहूंगा और जो संभव है वह करूंगा।
पंचांग
→संस्कृत सुभाषित
सर्व पहा →म्हणौनि कर्मे तरी कीजती । परि तीं कर्तेपणा न येती । जैसा सूर्य न प्रकाशे राती । तैसा तो गा ॥
📖 विस्तार →म्हणून तो ज्ञानी पुरुष कर्मे तर करतो, पण त्याला त्या कर्मांचा अभिमान (मी करतोय असा भाव) नसतो. ज्याप्रमाणे सूर्याला रात्रीचा अनुभव नसतो, त्याप्रमाणे तो कर्मात असूनही त्यापासून अलिप्त असतो.
म्हणोनि समर्थें जे जे कीजे । तें इतरींही प्रमाण मानिजे । मग तेणेंचि मार्गें चालिजे । सहजेंचि ॥
📖 विस्तार →म्हणून श्रेष्ठ किंवा समर्थ माणसे जे जे काही करतात, त्यालाच इतर लोक आदर्श मानतात आणि मग सहजपणे त्याच मार्गाने चालू लागतात.
दिन विशेष 27
सर्व पहा →
आंतरराष्ट्रीय योग दिन
2015
पी. व्ही. नरसिंह राव यांनी पंतप्रधानपदाची शपथ घेतली
1991
जागतिक संगीत दिन
1982
डॉ. केशव बळीराम हेडगेवार स्मृती दिन
1940आंतरराष्ट्रीय संपात साजरा करण्याचा दिवस
2019रामकृष्ण बाबा पाटील यांचे निधन
2012ग्रीनलँडला स्वराज्य मिळाले
2009जागतिक जलमापनशास्त्र दिन
2005स्पेसशिपवन (SpaceShipOne) चे पहिले खाजगी अंतराळ उड्डाण
2004एकविसाव्या शतकातील पहिले खग्रास सूर्यग्रहण
2001नेल्सन मंडेला यांची अमेरिकेला भेट
1990प्रिन्स विल्यम यांचा जन्म
1982पश्चिम बंगालमध्ये डाव्या आघाडीचे सरकार स्थापन झाले
1977ब्राझीलने तिसऱ्यांदा फिफा विश्वचषक जिंकला
1970बेनझीर भुट्टो यांचा जन्म
1953सी. राजगोपालाचारी भारताचे पहिले भारतीय गव्हर्नर जनरल बनले
1948लॉर्ड माउंटबॅटन यांचा भारताचा निरोप
1948दुसऱ्या महायुद्धात फ्रान्सने शरणागती पत्करली
1940एम. एस. नरसिंहन यांचा जन्म
1932बी. जी. देशमुख यांचा जन्म
1927प्रभात रंजन सरकार (श्री श्री आनंदमूर्ती) यांचा जन्म
1921विष्णू प्रभाकर यांचा जन्म
1912ज्याँ-पॉल सार्त्र यांचा जन्म
1905अमेरिकेने ग्वाम बेटावर ताबा मिळवला
1898सायरस मॅककॉर्मिक यांनी रिपर मशीनचे पेटंट घेतले
1834कलकत्त्याची काळकोठडी घटना (Black Hole of Calcutta)
1756उन्हाळी अयनांत (सर्वात मोठा दिवस)
विशेष लेख (ब्लॉग)
सर्व पहा →
फिनिश लाइन के परे: खेलो इंडिया २०२६ में कबड्डी और खो-खो के जरिए 'सहवीर्यं करवावहै' का पुनरुत्थान
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आदर्श परिपाठ के लिए १० महत्वपूर्ण टिप्स: स्कूली जीवन में अनुशासन और संस्कार
अपने स्कूल की सुबह की सभा (परिपाठ) को आदर्श, आकर्षक और अनुशासित बनाने के लिए 10 ...
⏱️ 15 min readशैक्षणिक खेळ
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सर्व पहा →Jana Gana Mana
National Anthemजन-गण-मन अधिनायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। पंजाब-सिन्धु-गुजरात-मराठा, द्राविड़-उत्कल-बङ्ग। विन्ध्य-हिमाचल-यमुना-गङ्गा, उच्छल-जलधि-तरङ्ग। तव शुभ नामे जागे, तव शुभ आशिष मागे, गाहे तव जय-गाथा। जन-गण-मङ्गल-दायक जय हे, भारत-भाग्य-विधाता। जय हे, जय हे, जय हे, जय जय जय जय हे॥
National Pledge (Pratidnya / Pratigya)
National Pledgeभारत मेरा देश है। सब भारतवासी मेरे भाई-बहन हैं। मैं अपने देश से प्रेम करता हूँ और इसकी समृद्ध तथा विविध संस्कृति पर मुझे गर्व है। मैं सदा इसका सुयोग्य अधिकारी बनने का प्रयत्न करता रहूँगा। मैं अपने माता-पिता, शिक्षकों एवं गुरुजनों का सम्मान करूँगा और हर किसी के साथ विनीत रहूँगा। मैं अपने देश और देशवासियों के प्रति सत्यनिष्ठा की प्रतिज्ञा करता हूँ। उनके कल्याण और समृद्धि में ही मेरा सुख निहित है।
Preamble to the Constitution of India (Sanvidhan)
National Constitution Preambleहम, भारत के लोग, भारत को एक संपूर्ण प्रभुत्व-संपन्न, समाजवादी, पंथनिरपेक्ष, लोकतंत्रात्मक गणराज्य बनाने के लिए, तथा उसके समस्त नागरिकों को: सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय, विचार, अभिव्यक्ति, विश्वास, धर्म और उपासना की स्वतंत्रता, प्रतिष्ठा और अवसर की समता, प्राप्त कराने के लिए, तथा उन सब में व्यक्ति की गरिमा और राष्ट्र की एकता और अखंडता सुनिश्चित करने वाली बंधुता बढ़ाने के लिए दृढ़संकल्प होकर अपनी इस संविधान सभा में आज तारीख 26 नवम्बर 1949 ई॰ को एतद्द्वारा इस संविधान को अंगीकृत, अधिनियमित और आत्मार्पित करते हैं।
Vande Mataram
National Songवन्दे मातरम्। सुजलां सुफलां मलयजशीतलाम्, शस्यश्यामलां मातरम्। शुभ्रज्योत्स्नापुलकितयामिनीं, फुल्लकुसुमितद्रुमदलशोभिनीं, सुहासिनीं सुमधुर भाषिणीं, सुखदां वरदां मातरम्॥